Inkhabar Haryana, Farmer Protest: किसानों की मांगों को लेकर चल रहे आंदोलन को समर्थन देते हुए नारनौंद उपमंडल कार्यालय के प्रांगण में किसानों ने एक दिन का सांकेतिक अनशन किया। यह अनशन वरिष्ठ किसान नेता सरदार जगजीत सिंह दल्लेवाल के समर्थन में आयोजित किया गया, जो पिछले 24 दिनों से आमरण अनशन पर हैं।
किसानों का विरोध और राष्ट्रपति को ज्ञापन
किसान नेताओं फूल कुमार पेटवाड़ और सतवीर सिंह ने इस मौके पर कहा कि किसान पिछले 10 महीनों से सड़कों पर आंदोलन कर रहे हैं, लेकिन सरकार उनकी मांगों को अनसुना कर रही है। उन्होंने बताया कि अनशन के दौरान एसडीएम के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन में किसानों ने मांग की है कि सरकार जल्द से जल्द उनकी समस्याओं का समाधान करे, अन्यथा आंदोलन को और बड़ा रूप दिया जाएगा।
सरदार दल्लेवाल का बिगड़ता स्वास्थ्य
किसान नेताओं ने कहा कि 74 वर्षीय सरदार जगजीत सिंह दल्लेवाल का स्वास्थ्य दिन-प्रतिदिन बिगड़ता जा रहा है। डॉक्टरों ने उनकी स्थिति को चिंताजनक बताया है। उन्होंने कहा कि सरकार किसानों के शांतिपूर्ण आंदोलन को दबाने के लिए गैर-संवैधानिक तरीके अपना रही है। इसके बावजूद किसान सर्दी में सड़कों पर सोने और संघर्ष करने के लिए मजबूर हैं।
सरकार की संवेदनहीनता पर सवाल
किसान नेताओं ने सरकार पर संवेदनहीनता का आरोप लगाते हुए कहा कि देश का अन्नदाता सड़कों पर संघर्ष कर रहा है, लेकिन सरकार उनकी समस्याओं का समाधान करने की बजाय उन्हें नजरअंदाज कर रही है। उन्होंने कहा कि किसानों की मांगें पूरी न होने पर आंदोलन और अधिक तेज किया जाएगा।
संघर्ष की अपील
अनशन के दौरान किसानों ने एकजुटता का प्रदर्शन करते हुए सरकार से अपील की कि उनकी मांगों को तुरंत स्वीकार किया जाए। उन्होंने कहा कि यह आंदोलन सिर्फ किसानों का नहीं, बल्कि पूरे देश के लोकतांत्रिक मूल्यों का संघर्ष है।