Inkhabar Haryana, Gurugram News: हरियाणा राज्य का आर्थिक विकास गुरुग्राम और फरीदाबाद जैसे शहरों की मजबूत आर्थिक नींव पर टिका हुआ है। वित्तीय वर्ष 2023-24 में, गुरुग्राम ने एक बार फिर साबित कर दिया कि यह राज्य की राजस्व वसूली में सबसे महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाला जिला है। सरकारी खजाने में अधिकतम योगदान देकर, गुरुग्राम ने न केवल अपनी आर्थिक स्थिति को मजबूत किया, बल्कि पूरे हरियाणा के विकास में अपना महत्वपूर्ण योगदान दिया।
गुरुग्राम का ऐतिहासिक योगदान
1 अप्रैल 2023 से 31 मार्च 2024 तक, गुरुग्राम ने राज्य सरकार के खजाने में रिकॉर्ड 5522.36 करोड़ रुपये का योगदान दिया। यह राजस्व मुख्य रूप से प्रॉपर्टी लेनदेन, रजिस्ट्री, स्टांप ड्यूटी, सेल डीड, कन्वेंस डीड, जीपीए (जनरल पॉवर ऑफ अटॉर्नी), और गोदनामा जैसे दस्तावेजों से अर्जित हुआ।
फरीदाबाद और अन्य जिलों की भूमिका
गुरुग्राम के बाद फरीदाबाद दूसरा ऐसा जिला है जिसने 1058.35 करोड़ रुपये का योगदान दिया। राज्य के अन्य 20 जिलों से कुल 4399.29 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ। तीसरे स्थान पर सोनीपत जिला रहा, जिसने 530.74 करोड़ रुपये का योगदान दिया।
गुरुग्राम की सफलता के पीछे कारण
गुरुग्राम का विकास और राजस्व वसूली में अग्रणी होने के पीछे कई कारण हैं:
- रियल एस्टेट हब: गुरुग्राम में प्रॉपर्टी की खरीद-फरोख्त बड़े पैमाने पर होती है, जिससे भारी मात्रा में स्टांप ड्यूटी और रजिस्ट्री फीस प्राप्त होती है।
- कारोबारी केंद्र: गुरुग्राम में बहुराष्ट्रीय कंपनियों और कॉर्पोरेट कार्यालयों की उपस्थिति ने इसे एक प्रमुख व्यापारिक केंद्र बना दिया है।
- उन्नत इन्फ्रास्ट्रक्चर: बेहतर सड़कों, मेट्रो कनेक्टिविटी और आधुनिक सुविधाओं के चलते निवेशकों और खरीदारों की रुचि यहां अधिक रहती है।
आंकड़ों में गुरुग्राम का योगदान
- गुरुग्राम: 5522.36 करोड़
- फरीदाबाद: 1058.35 करोड़
- अन्य 20 जिले: 4399.29 करोड़
- सोनीपत: 530.74 करोड़
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