




पुलिस के अनुसार, ये ठग सोशल मीडिया पर अपनी पहचान छुपाकर फर्जी विज्ञापन डालते थे। इनमें होटल बुकिंग, रैपिडो टैक्सी सेवाओं का प्रचार, और नकली सोने के सिक्कों (मुगल कालीन अशरफियां) के माध्यम से ठगी की जाती थी। इसके अलावा, सैक्सटॉर्शन और अन्य ऑनलाइन अपराधों के जरिए भी आमजन को निशाना बनाया जाता था।
गिरफ्तार ठगों के पास से 250 नकली सोने के सिक्के और एक नकली सोने की ईंट बरामद की गई है। ठग इन नकली अशरफियों को मुगल कालीन सोने के सिक्कों के रूप में दिखाकर लोगों को ठगते थे। इसके अलावा, उनके पास 20 मोबाइल फोन और 29 फर्जी सिम कार्ड भी मिले, जिनका इस्तेमाल ठगी के लिए किया जाता था।
पुलिस ने इन ठगों को विभिन्न ठिकानों से गिरफ्तार किया। ठगी के इन मामलों में पुलिस ने 12 मुकदमे दर्ज किए हैं और आगे की जांच जारी है। पुलिस का कहना है कि यह गिरोह लंबे समय से सक्रिय था और कई राज्यों में ठगी कर चुका है।




