




Inkhabar Haryana, Shardiya Navratra 2024: हरियाणा के पंचकूला में स्थित मनसा देवी मंदिर का धार्मिक और ऐतिहासिक महत्व बहुत अधिक है। यह मंदिर माता सती के मस्तिष्क के गिरने की पौराणिक कथा से जुड़ा है, जिसके कारण इसकी विशेष मान्यता है। मान्यता है कि जब माता सती ने अपने पति भगवान शिव के प्रति असीम प्रेम में आत्मदाह किया, तब उनके शरीर के विभिन्न अंग धरती पर गिरे, और माता सती का मस्तिष्क यहीं, इस स्थान पर गिरा था। इस घटना के बाद, यहाँ माता मनसा देवी का मंदिर स्थापित किया गया।
जानकारी के लिए बता दें कि, मंदिर की विशेषता यह है कि यहाँ श्रद्धालु सच्चे मन से अपनी इच्छाएँ मांगते हैं और मान्यता है कि उनकी हर मुराद पूरी होती है। विशेषकर नवरात्रि के दिनों में, यहाँ भारी संख्या में भक्त आते हैं, जो अपनी श्रद्धा और भक्ति के साथ माता के दर्शन करते हैं। मंदिर में स्थापित माता की मूर्ति के सामने तीन पिंडियाँ भी हैं, जिन्हें महालक्ष्मी, सरस्वती और मनसा देवी का स्वरूप माना जाता है।
मंदिर के परिसर में भक्त गणेश, हनुमान, वैष्णो देवी, भैरव और शिवलिंग की मूर्तियों की भी पूजा करते हैं। ये सभी मूर्तियाँ भक्तों को आध्यात्मिक शांति और शक्ति प्रदान करती हैं। मनसा देवी को भगवान शिव और माता पार्वती की पुत्री माना जाता है, और उनका वास्तविक नाम जरत्कारु है। इस प्रकार, मनसा देवी मंदिर न केवल धार्मिक आस्था का केंद्र है, बल्कि यह संस्कृति और परंपरा का भी एक महत्वपूर्ण प्रतीक है, जहाँ हर कोई अपनी श्रद्धा के साथ आता है।




