Inkhabar Haryana, Punjabi singers Honey Singh and Karan Aujla apology: पंजाबी संगीत जगत के दो बड़े नाम यो यो हनी सिंह और करण औजला हाल ही में अपने गानों में इस्तेमाल हुई महिलाओं के प्रति आपत्तिजनक भाषा को लेकर विवादों में घिर गए। मामला इतना गंभीर हो गया कि पंजाब महिला आयोग ने स्वयं संज्ञान लेते हुए दोनों गायकों को नोटिस भेजा और सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी।
कैसे हुई विवाद की शुरुआत?
पंजाब महिला आयोग की चेयरपर्सन राज लाली गिल ने सोशल मीडिया पर इन दोनों गायकों के गाने सुने और उनमें प्रयोग की गई भाषा पर आपत्ति जताई। आयोग का आरोप है कि हनी सिंह के गाने “मिलेनियर” में महिलाओं के खिलाफ अपमानजनक शब्दों का इस्तेमाल किया गया है, जबकि करण औजला के गाने “एमएफ गबरू” में भी इसी तरह के अनुचित शब्द मौजूद हैं।
आयोग की कार्रवाई
भाषा की गंभीरता को देखते हुए आयोग ने पंजाब पुलिस को जांच के निर्देश दिए और डीजीपी को आदेश भेजा कि चंडीगढ़ स्थित पुलिस मुख्यालय से एक अधिकारी को इस मामले की जांच और कड़ी कार्रवाई के लिए लगाया जाए। पुलिस को यह भी कहा गया कि की गई कार्रवाई की रिपोर्ट तुरंत आयोग को सौंपी जाए।
गायकों का रुख
इस बीच, दोनों गायक वर्तमान में विदेश में हैं। हालांकि, आयोग की पहल के बाद उन्होंने फोन पर बात करते हुए माफी मांगी और आश्वासन दिया कि भारत लौटने पर वे स्वयं आयोग के दफ्तर पहुंचकर औपचारिक माफी मांगेंगे। दोनों ने आयोग से सात दिन का अतिरिक्त समय भी मांगा है। पंजाब पुलिस की ओर से एआईजी यादविंदर सिंह सिद्धू महिला आयोग के पास पहुंचे और जांच से संबंधित प्रारंभिक रिपोर्ट सौंपी। पुलिस का कहना है कि दोनों गायकों के वकील जल्द ही आयोग के समक्ष अपना पक्ष रखेंगे।
बैन की संभावना और पूर्व उदाहरण
आयोग ने यह भी स्पष्ट किया कि यदि किसी भी राज्य सरकार को यह महसूस हो कि किसी गाने का समाज पर नकारात्मक असर पड़ रहा है, तो उस गाने पर बैन लगाया जा सकता है। इससे पहले भी पंजाबी सिंगर सिद्धू मूसेवाला के “एसवाईएल” गाने पर रोक लग चुकी है। हरियाणा में भी सिंगर मासूम शर्मा के कुछ गाने यूट्यूब से हटाए गए थे। इसके अलावा, गन कल्चर को बढ़ावा देने वाले गानों पर भी समय-समय पर कार्रवाई होती रही है।