




विज ने जनता दरबार बंद करने के पीछे की वजह पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि पहले मैं हरियाणा के लिए जनता दरबार आयोजित करता था, लेकिन अब मैंने इसे बंद कर दिया है क्योंकि मुख्यमंत्री खुद इन मामलों को देख रहे हैं। अब हर सोमवार को केवल अंबाला छावनी के लिए जनता कैंप आयोजित किया जाता है।
जब उनसे प्रदेश स्तर पर दोबारा जनता दरबार शुरू करने की संभावना के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने दोहराया कि पूरे प्रदेश का कार्य मुख्यमंत्री देख रहे हैं, इसलिए मैंने प्रदेश के लिए जनता दरबार बंद कर दिया है।
विज ने विपक्षी पार्टी कांग्रेस पर भी निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस के पास कुछ नहीं है और कांग्रेस की सुनने वाला कोई नहीं है। जनता के पास सुनने वाला नहीं है और हाईकमान में भी कोई सुनने वाला नहीं है। कांग्रेस का काम खत्म हो चुका है।
उन्होंने यह बयान कांग्रेस में गहराते आंतरिक विवादों और पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा के पार्टी छोड़ने की अटकलों के संदर्भ में दिया।
अपने विभागीय कार्यक्षमता और सुधारों के बारे में बात करते हुए विज ने कहा कि हमें तो सड़क पर खड़ा कर दो, हम वहीं काम कर लेंगे। हमें विभागों की जरूरत नहीं है। यह बयान उनके अब तक के कार्यशैली और साहसिक निर्णयों का संकेत देता है।




