Inkhabar Haryana, Chaudhary Bansilal Citizen Hospital Issue: हरियाणा के भिवानी जिले में एक बार फिर राजनीतिक और भावनात्मक मुद्दा गरमा गया है। इस बार मामला है नागरिक अस्पताल के नाम को लेकर, जिसे वर्षों से ‘चौधरी बंसीलाल नागरिक अस्पताल’ के नाम से जाना जाता है। सरकार द्वारा अस्पताल के नाम में बदलाव की प्रक्रिया शुरू होते ही जनता का गुस्सा फूट पड़ा और आज इसी मुद्दे को लेकर शहर में एक बड़ा प्रदर्शन हुआ।
नाम बदलने के खिलाफ सड़क पर उतरे लोग
सोमवार को भिवानी के हजारों लोग “चौधरी बंसीलाल अस्पताल बचाओ संघर्ष समिति” के बैनर तले सड़कों पर उतर आए। प्रदर्शनकारियों ने अस्पताल के बाहर विरोध जताते हुए नारेबाज़ी की और ज़ोरदार प्रदर्शन के बाद जिला उपायुक्त (DC) के माध्यम से मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। इस प्रदर्शन में सभी वर्गों के लोग शामिल हुए, जिनका साफ कहना था कि यह केवल नाम नहीं, बल्कि भिवानी के इतिहास और गर्व से जुड़ा विषय है।
अनिरुद्ध चौधरी भी हुए शामिल
प्रदर्शन के दौरान चौधरी बंसीलाल के पोते अनिरुद्ध चौधरी भी उपस्थित रहे। उन्होंने मीडिया से बातचीत में स्पष्ट शब्दों में कहा कि मेरे दादा जी चौधरी बंसीलाल का नाम पूरे देश और दुनिया में सम्मान के साथ लिया जाता है। उन्होंने भिवानी के लिए जो किया, वह किसी से छुपा नहीं है। आज उन्हीं के नाम को मिटाने की कोशिश की जा रही है, यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। अनिरुद्ध ने सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि सरकार धीरे-धीरे बंसीलाल की पहचान और योगदान को मिटाने की कोशिश कर रही है, जो कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने मांग की कि अस्पताल का नाम पहले की तरह ही ‘चौधरी बंसीलाल नागरिक अस्पताल’ बना रहना चाहिए।
मेडिकल कॉलेज पर भी उठे सवाल
अनिरुद्ध चौधरी ने यह भी सवाल उठाए कि जो डॉक्टर पहले नागरिक अस्पताल में कार्यरत थे, उन्हें ही नेकीराम मेडिकल कॉलेज में भेज दिया गया है। ये कोई तरीका नहीं है। नागरिक अस्पताल की स्थिति पहले से ही ठीक नहीं थी और अब जब डॉक्टर ही नहीं हैं, तो आम लोगों का इलाज कैसे होगा? उन्होंने सरकार से आग्रह किया कि मेडिकल कॉलेज के लिए अलग से डॉक्टर नियुक्त किए जाएं, और नागरिक अस्पताल में मूलभूत सुविधाओं और डॉक्टरों की व्यवस्था शीघ्र बहाल की जाए।
शहर की बुनियादी समस्याओं पर भी बोले अनिरुद्ध
अनिरुद्ध चौधरी ने भिवानी की अन्य बुनियादी समस्याओं पर भी सरकार का ध्यान खींचा। उन्होंने बताया कि शहर की कई कॉलोनियों में पीने के पानी और सीवरेज की समस्या अब भी विकराल बनी हुई है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि बरसात से पहले इन समस्याओं का स्थायी समाधान नहीं निकाला गया, तो हालात और बिगड़ सकते हैं।