




Inkhabar Haryana, Haryana News: उत्तर प्रदेश महिला आयोग की चेयरपर्सन बबीता चौहान ने हाल ही में एक बयान देकर महिला सुरक्षा और रोजगार के मुद्दे पर एक नई बहस छेड़ दी है। उनके हिसाब से महिलाओं के लिए जिम ट्रेनर और कपड़ों के टेलर महिलाएं ही होनी चाहिए, ताकि इन पेशेवरों के माध्यम से महिलाओं के साथ छेड़छाड़ की घटनाओं पर रोक लगाई जा सके।
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यह बयान केवल उत्तर प्रदेश तक सीमित नहीं रहा, बल्कि हरियाणा राज्य महिला आयोग की चेयरपर्सन रेनू भाटिया ने भी इसका समर्थन किया है। रेनू भाटिया ने कहा कि इस कदम से महिलाओं को रोजगार के नए अवसर मिलेंगे और वे स्वावलंबी बन सकेंगी। इसके अलावा, यह महिलाओं को उनकी सुरक्षा के प्रति जागरूक भी करेगा, जिससे छेड़छाड़ जैसी घटनाओं को कम किया जा सकेगा।
रेनू भाटिया इसे एक सैद्धांतिक प्रस्ताव मानती हैं और उनका कहना है कि यह कदम तब प्रभावी होगा जब महिलाएं खुद इस दिशा में पहल करें। उनके मुताबिक, महिलाओं को जिम ट्रेनिंग लेने और खुद को इस पेशे के लिए तैयार करने के लिए प्रेरित किया जाना चाहिए।
28 अक्टूबर को हुई महिला आयोग की बैठक में इस प्रस्ताव के अलावा भी कई महत्वपूर्ण सुझाव दिए गए थे। इनमें एक अहम सुझाव यह था कि पुरुषों को महिलाओं का नाप लेने की अनुमति नहीं दी जाए और शॉप्स पर सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएं, ताकि महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। हालांकि, अभी यह केवल एक प्रस्ताव है और इसे लागू करने पर कोई अंतिम निर्णय नहीं लिया गया है।




