Advertisement
Advertisement
होम / Kumari Shailja News: कलेक्टर रेट बढ़ने से आम जनता की जेब पर असर, कांग्रेस सांसद कुमारी सैलजा ने भाजपा सरकार पर साधा निशाना

Kumari Shailja News: कलेक्टर रेट बढ़ने से आम जनता की जेब पर असर, कांग्रेस सांसद कुमारी सैलजा ने भाजपा सरकार पर साधा निशाना

BY: • LAST UPDATED : November 29, 2024
Inkhabar Haryana, Kumari Shailja News: अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की महासचिव, पूर्व केंद्रीय मंत्री और सिरसा की सांसद कुमारी सैलजा ने हरियाणा में बढ़े कलेक्टर रेट को लेकर भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि कलेक्टर रेट में वृद्धि से जमीनों की खरीद-फरोख्त प्रभावित होगी और इसका सीधा असर आम आदमी की जेब पर पड़ेगा।

भाजपा ने जनता के साथ किया धोखा- सैलजा

कुमारी सैलजा ने मीडिया को जारी बयान में कहा कि भाजपा सरकार ने जल्दबाजी में कलेक्टर रेट बढ़ाने का निर्णय लिया है, जो न केवल आमजन बल्कि प्रोपर्टी डीलर्स के लिए भी परेशानी का सबब बनेगा। उन्होंने इस कदम को जनता के साथ धोखा करार देते हुए कहा कि सरकार ने भरोसे के साथ खिलवाड़ किया है।

कलेक्टर रेट बढ़ने का असर

कुमारी सैलजा ने कहा कि कलेक्टर रेट बढ़ने से जमीन की रजिस्ट्रियों पर बड़ा असर पड़ेगा, क्योंकि तय रेट से कम कीमत पर रजिस्ट्री संभव नहीं होगी। उन्होंने बताया कि नए कलेक्टर रेट 1 दिसंबर से लागू होंगे और 31 मार्च 2025 तक मान्य रहेंगे।

खासतौर पर एनसीआर के तहत आने वाले जिलों में जैसे गुरुग्राम, फरीदाबाद, पलवल, सोनीपत और बहादुरगढ़, कलेक्टर रेट में 30 प्रतिशत तक वृद्धि की संभावना है। वहीं, अन्य जिलों में यह बढ़ोतरी 6 से 15 प्रतिशत के बीच रहेगी। इस फैसले से इन क्षेत्रों में जमीन की खरीद-फरोख्त की रफ्तार धीमी पड़ने की आशंका है।

Advertisement

जनता के विश्वास को पहुंचाई ठेस

सैलजा ने आरोप लगाया कि लोकसभा और विधानसभा चुनावों के दौरान भाजपा सरकार ने जनता को नाराज होने से बचाने के लिए कलेक्टर रेट में बढ़ोतरी नहीं की। लेकिन अब समय से पहले इसे लागू कर जनता के विश्वास को ठेस पहुंचाई है। आमतौर पर कलेक्टर रेट को नए वित्तीय वर्ष से लागू किया जाता है, लेकिन इस बार मार्च 2024 तक ही नई दरें लागू कर दी गई हैं, जो अनुचित है।

प्रोपर्टी डीलर्स की समस्या पर सरकार करे विचार

सैलजा ने प्रोपर्टी डीलर एसोसिएशन की चिंताओं का समर्थन करते हुए कहा कि उनके पास पुरानी स्टांप ड्यूटी के हिसाब से स्टॉक मौजूद है और नई दरें उनके लिए नुकसानदायक साबित होंगी। उन्होंने कहा कि यह कदम प्रोपर्टी डीलर्स और आम लोगों के लिए आर्थिक संकट लेकर आएगा।