Advertisement
Advertisement
होम / MahaKumbh 2025: हरियाणा के भाजपा प्रदेशाध्यक्ष मोहनलाल बडौली की अपील, कहा- “सभी सनातनी महाकुंभ में लगाए आस्था की डुबकी”

MahaKumbh 2025: हरियाणा के भाजपा प्रदेशाध्यक्ष मोहनलाल बडौली की अपील, कहा- “सभी सनातनी महाकुंभ में लगाए आस्था की डुबकी”

BY: • LAST UPDATED : January 14, 2025

Inkhabar Haryana, MahaKumbh 2025: विश्व के सबसे बड़े धार्मिक आयोजन महाकुंभ का शुभारंभ सोमवार को प्रयागराज में हुआ। इस अवसर पर भारतीय जनता पार्टी के प्रदेशाध्यक्ष मोहनलाल बडौली ने सनातन धर्म में आस्था रखने वाले सभी लोगों से महाकुंभ में जाकर पवित्र स्नान करने और आध्यात्मिक अनुभूति का अनुभव करने की अपील की। बड़ौली ने इसे केवल एक मेला नहीं, बल्कि आस्था, विश्वास और एकता का प्रतीक बताया।

धर्म और संस्कृति का महासंगम

महाकुंभ को भारतीय संस्कृति और सनातन धर्म का केंद्र बिंदु मानते हुए बडौली ने कहा कि महाकुंभ धर्म और संस्कृति का महासंगम है। यह केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि सनातन धर्म की श्रद्धा और शक्ति का केंद्र है। उन्होंने देश-प्रदेश और विदेशों में रह रहे सनातन प्रेमियों से आग्रह किया कि वे प्रयागराज में आकर महाकुंभ के पवित्र अमृत स्नान का लाभ उठाएं।

PM और CM योगी की पहल से विशेष भव्यता

भाजपा प्रदेशाध्यक्ष ने इस आयोजन की भव्यता और सुविधा को केंद्र में PM नरेंद्र मोदी और उत्तर प्रदेश के CM योगी आदित्यनाथ की डबल इंजन सरकार का परिणाम बताया। उन्होंने कहा कि सरकार ने महाकुंभ में आने वाले करोड़ों श्रद्धालुओं के लिए अभूतपूर्व व्यवस्थाएं की हैं ताकि कोई भी श्रद्धालु असुविधा महसूस न करे।

Advertisement

आध्यात्मिक अनुभव का अनूठा अवसर

मोहनलाल बडौली ने कहा कि महाकुंभ में जाने से न केवल मां गंगा का आशीर्वाद मिलेगा, बल्कि देश भर से आए साधु-संतों, महात्माओं और विभिन्न अखाड़ों का सानिध्य भी प्राप्त होगा। उन्होंने इसे सनातन धर्म के अनुयायियों के लिए गर्व का विषय बताया और सभी से इस महाकुंभ में शामिल होकर इस ऐतिहासिक धार्मिक आयोजन का हिस्सा बनने की अपील की।

महाकुंभ: आस्था और एकता का प्रतीक

बडौली ने कहा कि महाकुंभ केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि यह भारतीय समाज की एकता और आध्यात्मिकता का प्रतीक है। उन्होंने इसे प्रत्येक सनातनी के लिए एक आवश्यक और पवित्र कर्तव्य बताया और कहा कि मां गंगा से आशीर्वाद लेने का यह अवसर दुर्लभ है, इसे सभी को अवश्य प्राप्त करना चाहिए।