Advertisement
Advertisement
होम / Manoharlal Khattar: केंद्रीय बजट से बदलने जा रही है शहरों की तस्वीर, शहरी आवास विकास योजनाओं को गति देने का रोडमैप तैयार

Manoharlal Khattar: केंद्रीय बजट से बदलने जा रही है शहरों की तस्वीर, शहरी आवास विकास योजनाओं को गति देने का रोडमैप तैयार

BY: • LAST UPDATED : February 5, 2025
Inkhabar Haryana, Manoharlal Khattar:  केंद्रीय बजट 2025-26 में शहरी विकास, ऊर्जा, आवास और बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए महत्वपूर्ण घोषणाएं की गई हैं। सरकार ने शहरी सुधारों को गति देने, बुनियादी सुविधाओं को विकसित करने और आर्थिक वृद्धि को प्रोत्साहित करने के लिए कई बड़े फैसले लिए हैं। ऊर्जा, आवासन एवं शहरी विकास मंत्रालय ने इस बजट में नई परियोजनाओं और राज्यवार योजनाओं पर विशेष ध्यान देने का रोडमैप तैयार कर लिया है।

बजट के बाद केंद्रीय ऊर्जा, आवासन एवं शहरी विकास मंत्री मनोहर लाल ने अधिकारियों को पुरानी परियोजनाओं में तेजी लाने और नई योजनाओं को प्राथमिकता के आधार पर लागू करने के निर्देश दिए। वित्तीय अनुशासन और प्रभावी क्रियान्वयन का उनका अनुभव इस बजट को प्रभावी रूप से धरातल पर उतारने में मदद करेगा।

ऊर्जा क्षेत्र में बड़े सुधार

इस बजट में ऊर्जा क्षेत्र की स्थिरता और ट्रांसमिशन क्षमता को बढ़ाने के लिए कई अहम पहल की गई हैं। सरकार ने बिजली वितरण कंपनियों की वित्तीय और परिचालन स्थिरता सुधारने की प्रतिबद्धता जताई है। साथ ही, राज्यों में विद्युत क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए प्रोत्साहन योजनाएँ लागू की जाएंगी।

Advertisement

सरकार ने देश में बैटरी निर्माण को बढ़ावा देने के लिए लिथियम-आयन बैटरी स्क्रैप, लेड, जिंक और 12 अन्य महत्वपूर्ण खनिजों पर से बेसिक कस्टम ड्यूटी हटाने का फैसला किया है। इससे न केवल इलेक्ट्रिक वाहन (EV) उद्योग को बल मिलेगा, बल्कि नई नौकरियों के अवसर भी सृजित होंगे। इसके अलावा, ईवी बैटरी निर्माण के लिए 35 और पूंजीगत वस्तुओं को छूट सूची में जोड़ा गया है, जिससे इस क्षेत्र में निवेश को प्रोत्साहन मिलेगा।

परमाणु ऊर्जा को प्राथमिकता

केंद्र सरकार ने परमाणु ऊर्जा को बढ़ावा देने के लिए न्यूक्लियर एनर्जी मिशन के तहत 20,000 करोड़ रुपये आवंटित किए हैं। इसका उद्देश्य वर्ष 2047 तक 100 गीगावाट परमाणु ऊर्जा विकसित करना है। साथ ही, वर्ष 2033 तक कम से कम पाँच स्वदेशी रूप से विकसित लघु मॉड्यूलर रिएक्टर (SMRs) चालू करने का लक्ष्य रखा गया है।

शहरों के विकास के लिए ‘अर्बन चैलेंज फंड’

सरकार ने शहरी सुधारों को सुदृढ़ करने के लिए 1 लाख करोड़ रुपये के ‘अर्बन चैलेंज फंड’ की स्थापना की है। इस फंड का उद्देश्य शहरों को विकास केंद्र, रचनात्मक पुनर्विकास, जल आपूर्ति और स्वच्छता जैसी बुनियादी सुविधाएँ प्रदान करना है।

इसके अलावा, पीएम स्वनिधि योजना के तहत 30,000 रुपये की सीमा वाले यूपीआई से जुड़े क्रेडिट कार्ड जारी करने की योजना बनाई गई है। इससे स्ट्रीट वेंडर्स को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने में मदद मिलेगी।

‘विकसित भारत’ की नींव होगी मजबूत

केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल ने कहा कि इस बजट के संकल्पों को प्रभावी रूप से लागू करने के लिए मंत्रालय ने रूपरेखा तैयार कर ली है। उन्होंने कहा कि शहरीकरण के लाभ हर नागरिक तक पहुंचें, यह सरकार की प्राथमिकता है।

बजट में पुनर्गठित पीएम स्वनिधि योजना का भी उल्लेख किया गया है, जिसने अब तक 68 लाख से अधिक स्ट्रीट वेंडर्स को लाभ पहुंचाया है। अब यह योजना और अधिक उन्नत बैंक ऋणों की उपलब्धता को सुगम बनाएगी।