Inkhabar Haryana, Sawan Somvaar Devotees Crowd in Hathi Khana Temple Haryana: सावन का पहला सोमवार और भगवान शिव की भक्ति से हरियाणा के अंबाला जिले में आज धार्मिक आस्था की एक अनोखा अंदाज देखने को मिला। प्राचीन और ऐतिहासिक हाथी खाना मंदिर में सुबह से ही हजारों शिवभक्तों की भीड़ उमड़ पड़ी। हर कोई अपने आराध्य भोलेनाथ के दर्शन और जलाभिषेक के लिए लंबी लाइनों में खड़ा दिखा। सुबह 4 बजे से ही मंदिर परिसर में भक्ति की गूंज सुनाई देने लगी थी। “हर-हर महादेव” और “बोल बम” के जयघोष के साथ श्रद्धालु भोलेनाथ के जलाभिषेक हेतु गंगाजल और बेलपत्र लेकर मंदिर पहुंचे।
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हरिद्वार से लाया गया पवित्र गंगाजल
मंदिर के महंत 1008 मोहनदास जी महाराज ने बताया कि सावन मास की शिवरात्रि को विशेष महत्व दिया जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इसी दिन भगवान शिव और माता पार्वती का विवाह हुआ था। इसी कारण श्रद्धालु इस महीने में विशेष रूप से व्रत रखते हैं और जलाभिषेक के बाद ही अन्न ग्रहण करते हैं। उन्होंने बताया कि 11 जुलाई से लेकर पूरे सावन महीने तक मंदिर में भक्तों की भीड़ लगी रहती है। श्रद्धालु 40 दिनों तक प्रतिदिन जलाभिषेक करते हैं और यह मान्यता है कि जो भी सच्चे मन से मन्नत मांगता है, उसकी कामना पूरी होती है।
भक्तों ने बताया कि वे हरिद्वार, गंगोत्री और यमुनोत्री से पवित्र गंगाजल लाकर कांवड़ के माध्यम से हाथी खाना मंदिर पहुंचे हैं। कुछ कांवड़िए पैदल तो कुछ डाक कांवड़ के जरिए मंदिर पहुंचे। जलाभिषेक के दौरान भक्तों ने भगवान शिव पर बेलपत्र, धतूरा और गंगाजल अर्पित किया।
श्रद्धालुओं की आस्था
मंदिर परिसर में भव्य भंडारे का आयोजन भी किया गया, जिसमें खीर, दूध और हलवे का प्रसाद वितरित किया गया। भीड़ प्रबंधन और व्यवस्था के लिए मंदिर समिति और स्थानीय प्रशासन ने पुख्ता प्रबंध किए थे। महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों के लिए अलग लाइनें, चिकित्सा सहायता और जल व्यवस्था भी उपलब्ध रही। तीन श्रद्धालुओं ने बताया कि वे वर्षों से सावन के सोमवार को यहां आकर भोले बाबा का जलाभिषेक करते हैं और हर बार उनकी मन्नत पूरी होती है। किसी ने संतान सुख मांगा था, किसी ने नौकरी और हर बार भोलेनाथ ने उनकी झोली भदी।