Advertisement
Advertisement
होम / Mobile app for Haryana Roadways: हरियाणा रोडवेज बसों में इस तारीख से होगा ये बड़ा बदलाव, इस मोबाइल ऐप से मिलेगी पूरी जानकारी

Mobile app for Haryana Roadways: हरियाणा रोडवेज बसों में इस तारीख से होगा ये बड़ा बदलाव, इस मोबाइल ऐप से मिलेगी पूरी जानकारी

BY: • LAST UPDATED : August 6, 2025
Inkhabar Haryana, Mobile app for Haryana Roadways: हरियाणा सरकार यात्रियों की सुविधाओं को लगातार बेहतर बनाने के लिए तकनीक की मदद ले रही है। अब राज्य के यात्रियों को रोडवेज बसों की लाइव लोकेशन मोबाइल ऐप के माध्यम से अपने स्मार्टफोन पर ही उपलब्ध होगी। इससे न केवल यात्रियों का समय बचेगा, बल्कि उन्हें अनावश्यक प्रतीक्षा से भी राहत मिलेगी। इस व्यवस्था को चरणबद्ध तरीके से लागू किया जा रहा है और स्वतंत्रता दिवस यानी 15 अगस्त 2025 तक इसे पूर्ण रूप से क्रियान्वित कर दिया जाएगा।

मोबाइल ऐप से मिलेगी बस की पूरी जानकारी

परिवहन मंत्री अनिल विज ने जानकारी देते हुए बताया कि यह सुविधा एक विशेष मोबाइल ऐप के जरिए दी जाएगी, जिसे यात्री अपने स्मार्टफोन में डाउनलोड कर सकेंगे। इस ऐप की मदद से वे यह जान सकेंगे कि कौन-सी बस कब और कहां पहुंचेगी, साथ ही रूट की जानकारी भी उपलब्ध होगी। यात्रियों को अब बार-बार पूछताछ केंद्र पर जाने की जरूरत नहीं होगी, क्योंकि सारी जानकारी अब उनकी उंगलियों पर होगी।

बसों में ट्रैकिंग सिस्टम लगाने के निर्देश पहले ही दिए जा चुके

मंत्री विज ने बताया कि उन्होंने मंत्री पद संभालने के साथ ही प्रदेश की सभी रोडवेज बसों में ट्रैकिंग सिस्टम लगाने के निर्देश दे दिए थे। इस आदेश के तहत अब सभी बसों में जीपीएस ट्रैकिंग सिस्टम लगाया जा रहा है, जिससे बसों की लाइव निगरानी की जा सकेगी।

Advertisement

एक और बड़ी सुविधा की घोषणा करते हुए मंत्री ने बताया कि अब एयरपोर्ट की तर्ज पर हरियाणा के बस अड्डों पर डिजिटल स्क्रीन लगाई जाएंगी, जिनमें बसों के आगमन और प्रस्थान की जानकारी प्रदर्शित की जाएगी। इससे यात्रियों को बस की सही स्थिति और अनुमानित आगमन समय की जानकारी वास्तविक समय में मिलती रहेगी।

उपकरणों की खरीद और डिजिटल डाटा प्रबंधन

मंत्री विज ने बताया कि इस योजना को लागू करने के लिए आवश्यक उपकरणों की खरीद के लिए प्रस्ताव हाई पावर परचेज कमेटी की बैठक में भेजा जा चुका है। बहुत जल्द यह उपकरण उपलब्ध हो जाएंगे। उन्होंने यह भी बताया कि रोडवेज विभाग को निर्देश दिए गए हैं कि सभी उपकरणों और संसाधनों का डिजिटल रिकॉर्ड तैयार किया जाए और उसे ऐप से जोड़ा जाए।